सौम्य सारकार ने दुहेरी सेंचूरी से अभाणि को 20वाँ डिपीडीसीएल खिताब दिलाया
जब सौम्य सारकार, 26‑वर्षीय बाएँ‑हाथी बल्लेबाज़ ने 24 अप्रैल 2019 को दुहेरी सेंचूरी बनाई, तो बांग्लादेशी क्रिकेट प्रेमियों की धड़कनें तेज़ हो गईं। वह दिन धाका प्रीमियर डिवीजन क्रिकेट लीग (DPDCL) फाइनल का था, जो बांग्लादेश क्रीड़ा शिक्षा प्रतिष्ठान (BKSP), सावार में खेला गया। अभाणि लिमिटेड के लिए खेलते हुए उसने 153 गेंदों पर 208* बनाकर इतिहास रचा, जबकि प्रतिद्वंद्वी शीख जामाल धनमंडी क्लब को 317 लक्ष्य पर रखे हुए था। इस शानदार पारी ने अभाणि को 20वाँ DPDCL खिताब दिलाया और बांग्लादेश के लिये विश्व कप की तैयारियों में बड़ा उत्साह जोड़ा।
इतिहास में पहला दुहेरी सेंचूरी
सौम्य की 208* सिर्फ व्यक्तिगत मील का पत्थर नहीं, बल्कि पूरी बांग्लादेशी क्रिकेट की कहानी में नई वाक्य रचना है। पहले रकिबुल हसन का 190 (2017) रिकॉर्ड अब तोड़ दिया गया। अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने बताया कि यह स्कोर चेज़िंग में सबसे बड़ा लिस्ट‑ए स्कोर बना, ट्रैविस हेड (202) को पीछे छोड़ते हुए। साथ ही इस पारी में 16 छक्के मारना, जो रोहित शर्मा, एबी दे विलियर्स और क्रिस गेले के बराबर है, इसे एक ‘सुपर‑ओवर’ बना देता है।
मैच का विवरण और आँकड़े
- लक्ष्य: 318 रन (50 ओवर)
- सौम्य की पारी: 208* रन, 153 गेंद, 14 चार, 16 छक्का
- खुली साझेदारी: 312 रन (सौम्य + जाहुरुल इस्लाम)
- अभाणि की जीत: 9 विकेट, 17 बॉल बाकी
- शिक जामाल का स्कोर: 317/9
जाहुरुल इस्लाम ने 100 रन बनाकर साझेदारी को पुख्ता किया, पर असली मोड़ तब आया जब सौम्य ने लगातार 16‑6‑छक्के लगाए। आख़िरी ओवरों में भी वह दबाव में नहीं आया, और टीम ने जल्दी ही लक्ष्य जीत लिया।
खिलाड़ी और टीम की प्रतिक्रिया
मैच के बाद सौम्य सारकार ने कहा, “ऐसे बड़े मंच पर खुद को साबित करना हर खिलाड़ी का सपना है। मैं भगवान का धन्यवाद करता हूँ और टीम के साथियों को भी बधाई देता हूँ।” अभाणि के कप्तान ने बताया, “सौम्य की इस पारी ने हमें जीत दिलाई, लेकिन यह पूरे लीग के लिए एक प्रेरणादायक कहानी है।” दूसरी ओर, शिक जामाल के कोच ने इकट्ठे हुए अंक की सराहना करते हुए कहा कि उनका बॅटिंग क्रम अभी भी बहुत दमदार है।
क्रिकेट जगत पर असर
यह उपलब्धि बांग्लादेशी युवा बल्लेबाज़ों के लिये आत्मविश्वास का मीटर बन गई। अब दूरदर्शी स्काउट्स “ट्रांसफ़ॉर्मर” फॉर्मेट में ऐसी पारी देखना चाहते हैं, जिससे राष्ट्रीय टीम की लिस्ट‑ए और ODI लाइन‑अप में अधिक तेज़‑गति वाले झटका अंतरणी विकल्प मिलेंगे। साथ ही ICC ने इस रिकॉर्ड को आधिकारिक तौर पर मान्यता दी, जिससे बांग्लादेश को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर और सम्मान मिला। अलग‑अलग मीडिया ने उल्लेख किया कि अब बांग्लादेश के 2019 विश्व कप की तैयारी में सौम्य की भूमिका और भी महत्वपूर्ण हो जाएगी।
आगे क्या?
इसी हफ्ते ICC ने घोषणा की कि सौम्य को विश्व कप के शुरुआती मैच में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ शुरुआती स्लॉट दिलाया गया है। वह 2 जून 2019 को द ओवल, लंदन में खेलेंगे। उनका लक्ष्य केवल व्यक्तिगत फ़ॉर्म नहीं, बल्कि टीम को एक ज्वलनशील शुरुआत देना है। इस बीच घरेलू लीग में उनके प्रदर्शन ने कई बांग्लादेशी फ्रैंचाइज़ी को भी उनके अगले सीज़न के लिए अर्जित कर लिया है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
सौम्य सारकार की इस पारी का बांग्लादेश के टेस्ट टीम पर क्या असर पड़ेगा?
इतिहास की पहली लिस्ट‑ए दुहेरी सेंचूरी के बाद चयनकर्ता अधिक भरोसा करेंगे। विशेषज्ञ मानते हैं कि सौम्य का आक्रमणशील स्वभाव टेस्ट में भी तेज़ रन बनाने में मदद करेगा, खासकर जब भारत‑ऑस्ट्रेलिया जैसी तेज़ पिचों पर उनका खेल दिखेगा।
अभाणि लिमिटेड को 20वाँ खिताब जीतने में कौन‑से प्रमुख कारक मददगार रहे?
सबसे बड़ा वज़न सौम्य की पारी का था, पर शुरुआती साझेदारी 312 रन, टीम की फील्डिंग में धोकाधड़ी नहीं, और तेज़ रन‑रेट ने भी जीत में योगदान दिया। कोच की रणनीति और युवा ऊर्जा ने भी प्रभाव डाला।
क्या यह दुहेरी सेंचूरी लिस्ट‑ए इतिहास में सबसे बड़ी है?
यह पारी अभी तक चेज़िंग में सबसे बड़ी स्कोर है, लेकिन सभी‑टाइम लिस्ट‑ए सबसे अधिक स्कोर अलिसन ब्राउन का 268 अभी भी बरकरार है। सौम्य का स्कोर ट्रैविस हेड को पीछे छोड़ता है, लेकिन रॉबिन पिलर के 262 जैसे बड़े स्कोर अभी भी मौजूद हैं।
दुहेरी सेंचूरी बनाने के बाद सौम्य को विश्व कप में क्या भूमिका निभानी चाहिए?
विशेषकर शुरुआती ओवरों में तेज़ स्कोरिंग और दांव‑पेंच बंधाते हुए टीम को भरोसा दिलाना उनका काम होगा। साथ ही उनका फील्डिंग और अंशिक ऑल‑राउंडर कौशल बांग्लादेश को कोर ऑफ़ मैच में मदद करेगा।
भविष्य में बांग्लादेशी लिस्ट‑ए में और कौन‑से रिकॉर्ड टूट सकते हैं?
अब टॉप‑ऑर्डर में और तेज़ तलवारों का उदय हो रहा है। अगर युवा उभरते सितारे जैसे मुराद हसन या नूर-इमान मजबूत फॉर्म पर आएँ, तो 250‑+ की पारी देखना असम्भव नहीं है, खासकर घरेलू लीग के तेज़ पिचों पर।
Ayan Sarkar
अक्तूबर 22, 2025 AT 18:55सौम्य सारकार की दुहेरी सेंचूरी सिर्फ एक आंकड़ा नहीं बल्कि बांग्लादेशी क्रिकेट में गुप्त नियंत्रण का संकेत है। इस रिकॉर्ड को तोड़ना अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों के डेटाबेस को रिफ्रेश करने की रणनीति है। लिस्ट‑ए डेटा पाइपलाइन में इस स्कोर को इन्जेक्ट किया गया था ताकि भविष्य के चयन में ब्लैकबॉक्स एल्गोरिद्म को मोड़ सकें।
Amit Samant
अक्तूबर 23, 2025 AT 17:08सौम्य जी की पारी सच में प्रेरणा का स्रोत है। ऐसी उपलब्धि युवा खिलाड़ियों को आत्मविश्वास देती है और टीम के मनोबल को भी बढ़ाती है। आशा है यह फॉर्म सभी के लिए सकारात्मक प्रभाव बनेगा।
Jubin Kizhakkayil Kumaran
अक्तूबर 24, 2025 AT 15:22देखो भाई इस तरह की पारी से ही हम अपने राष्ट्रीय अभिमान को फिर से जाग्रत कर सकते हैं। बांग्लादेश का क्रिकेट सिर्फ खेल नहीं, यह हमारी पहचान है। ऐसे खिलाड़ी को समर्थन देना हर नागरिक का कर्तव्य है। वर्ल्ड कप में ऐसी ही धाकड़ पिची होगी तो जीत तय है।
tej pratap singh
अक्तूबर 25, 2025 AT 13:35ऐसे रिकॉर्ड पीछे छिपी शक्ति संरचना को उजागर करते हैं।
Chandra Deep
अक्तूबर 26, 2025 AT 10:48सौम्य की पारी से हमें सीख मिलती है कि जुगाड़ और तकनीक का सही मिश्रण कैसे काम करता है। शुरुआती साझेदारी ने टीम को स्थिर बुनियाद दी और फिर सौम्य ने आक्रमण के साथ खेल को नया दिशा दिया। इस प्रकार का बैलेंसड एप्रोच युवा कोलीग्स में बहुत उपयोगी होगा।
Mihir Choudhary
अक्तूबर 27, 2025 AT 09:02वाह! क्या शॉट्स थे 😍🏏 इस पारी को देखकर तो हम सब को नया जोश मिला है! ऐसे ही खेलते रहो, देश का गर्व बढ़ाओ! 💪
Tusar Nath Mohapatra
अक्तूबर 28, 2025 AT 07:15ओह, मज़ाकिया बात है, जैसे हर फ़ॉर्म में दोहरा रिकॉर्ड बनाना अब नया ट्रेंड बन गया हो। लेकिन सच में, ऐसी पारी से टीम में आत्मविश्वास की बाढ़ आ गई होगी, नहीं तो क्या? 🙃
Arun Sai
अक्तूबर 29, 2025 AT 05:28दुहेरी सेंचूरी की हाइपरबोलिक प्रशंसा टालिए। इस पारी को उसके टैक्टिकल कॉन्टेक्स्ट में देखना चाहिए, न कि आर्टिफिशियल मैग्निफिकेशन में। अतीत के रिकॉर्ड कभी भी अकेले वर्तमान को परिभाषित नहीं कर सकते।
Manish kumar
अक्तूबर 30, 2025 AT 03:42सौमॉली की 208* पारी बांग्लादेशी लिस्ट‑ए इतिहास में एक मील का पत्थर है। सबसे पहले, वह 153 गेंदों में 14 चार और 16 छक्के लगाकर एक असाधारण स्ट्राइक रेट स्थापित किया। दूसरी बात, उसकी साझेदारी 312 रन के साथ टीम को लक्ष्य तक पहुंचाने में निर्णायक भूमिका निभाई। तीसरा, इस पारी ने यह साबित किया कि बाएँ‑हाथी बल्लेबाज़ी भी आज के तेज़-गति वाले खेल में प्रभावी हो सकती है। चौथा, अभाणि लिमिटेड को इस जीत से मानसिक लाभ मिला और उन्होंने अपने प्लेयर सॉफ्ट स्किल्स को ऊंचा किया। पाँचवाँ, डिपीडीसीएल फाइनल में ऐसा प्रदर्शन युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गया। छठा, इस रिकॉर्ड को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता मिलने से बांग्लादेश की क्रिकेट प्रतिष्ठा बढ़ी। सातवाँ, इस पारी के बाद चयनकर्ता अब सौम्य को टेस्ट और ODI में देखना चाहते हैं। आठवां, इस जीत से घरेलू लीग में निवेशकों का भरोसा बढ़ा और फ़्रैंचाइज़ी फीस में वृद्धि हुई। नौवाँ, इस पारी ने राष्ट्रीय टीम की शुरुआती ओवरों में तेज़ रनिंग की संभावना को उजागर किया। दसवां, इस तरह की पारी को देखकर कोचिंग स्टाफ को नई रणनीतियों का निर्माण करना आसान होगा। ग्यारहवां, फिल्डिंग में भी टीम ने कुशल प्रदर्शन किया जिससे अतिरिक्त रन बचाए। बारहवां, इस सफलता ने बांग्लादेश के युवा क्रिकेट अकादमी में प्रशिक्षण के तरीके बदल दिए। तेरहवां, वैक्सिनेशन ड्रैगन फेनोटाइप के मुकाबले इस पारी ने शारीरिक फिटनेस का महत्व दिखाया। चौदहवां, ये सब मिलकर बांग्लादेश को अगले विश्व कप में एक ठोस विकल्प बनाते हैं। पंद्रहवां, आखिरकार, इस पारी ने दर्शाया कि निरंतरता और दृढ़ता से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
Divya Modi
अक्तूबर 31, 2025 AT 01:55इतिहास में इस पारी का महत्व अनदेखा नहीं किया जा सकता 🤩 बांग्लादेशी क्रिकेट की सांस्कृतिक धरोहर में यह एक नई चमक जोड़ता है। युवा पीढ़ी को इस तरह के आयामिक प्रदर्शन से प्रेरणा मिलती है और राष्ट्रीय पहचान में मजबूती आती है।
ashish das
नवंबर 1, 2025 AT 00:08सौम्य जी द्वारा स्थापित यह उपलब्धि न केवल व्यक्तिगत सफलता का प्रतीक है, बल्कि सम्पूर्ण बांग्लादेशी क्रिकेट संरचना के लिए एक मूल्यमान संकेत भी है। यह पारी विभिन्न रणनीतिक पहलुओं का संगोष्ठी रूप है, जिसमें शुरुआती साझेदारी, जोखिम प्रबंधन, और आक्रमणात्मक खेल शैली सम्मिलित हैं। ऐसी उत्कृष्टता राष्ट्रीय चयन प्रक्रिया में महत्वपूर्ण विचार बनती है।
vishal jaiswal
नवंबर 1, 2025 AT 22:22देखा जाए तो इस पारी ने लीग के प्रतिस्पर्धात्मक माहौल को नई दिशा दी है। विशेषकर टीम के फील्डिंग में सुधार और बॉल की गति को नियंत्रित करने में स्पष्ट प्रगति दिखी। इस प्रकार के आँकड़े भविष्य में लीग को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने में मदद करेंगे।